Wednesday, 23 May 2012

मनमानी रहेगी बरकार या फिर ऑटो बढ़ने से होगा किराये में सुधार

नई दिल्ली -देश की राजधानी दिल्ली में ऑटो वालों की मनमानी के चलते यहाँ जायज रुपये से अधिक रुपये यात्री से वसूलते है और यात्रियों को मजबूरी से समझौता करना जायज समझते हैं | वहीँ सुप्रीम कोर्ट के आदेश आने के बाद लोगों की आस है की एक लाख ५५ हजार ऑटो बढ़ने से प्रतिस्पर्धा तेज़ होगी तो ऑटो किराए में कमी आएगी 
दिल्ली में ऑटो चालक मीटर से चलने पर एतराज जतातें है और कहते है की इतना मीटर से भी पड़ेगा या उससे भी ज्यादा मीटर से पडेगा जिससे यात्री ऑटो चालक की बातों के आवेश में आ जाते हैं और यात्री की स्थिति मरता न क्या करता वाली हो जाती है ,और बोले  गये रुपये पर राजी हो यात्रा के लिए तैयार हो जाते हैं |
जब हमने इस बात की पुष्टि करने के लिए ऑटो की यात्रा के लक्ष्मी नगर से निकले तो हमें ऑटो वाले को रोककर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन (अजमेरी गेट ) का किराया पूछा तो उसने ८० रुपये कहा मैंने मीटर से चलने के लिए कहा तो उसने बताया की २ किमी . का तो २० रूपए तो फिक्स  उसके बाद ७रु .किमी . है |मैंने मीटर से चलने के लिए तैयार था पर उसकी बात से थोडा मन डगमगाया ,हमें कहा यदि ज्यादा लगेगा तो ज्यादा ही सही पर आज पता लगाना है की बात में सच्चाई कहाँ तक है फिर मैंने मीटर से चलने के लिए कहाँ तक है फिर मैंने मीटर से चलने के लिए कहा और रेलवे स्टेशन पर पहुचने पर मीटर पर किराया ५८ रु. कुछ पैसे दिखा रहा था मैंने सोचा -यदि मै बिना मीटर के आता तो मेरे २० रु. ज्यादा फर्जी ही चले जाते मैंने ऑटो वाले से कहा -ये  क्या भईया है तो उसने कहा ये सब चलता है भाई साहब ! 
प्रश्न यही उठता है जब तक सरकार इस पर लगाम नही लगाती तब तक ऑटो चालक अपनी मनमानी करते रहेंगे चाहे एक लाख या दो लाख ऑटो बढा दिए जाए |

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